कभी सोचा न था कि प्यार इतना दर्द देगा, जिसे जिंदगी समझा था, वही जीने नहीं देगा।
वो लम्हा भी अजीब होता है जब कोई अपना, अपना नहीं रहता और उसकी यादें दिल से जाती नहीं।
हर दिन तेरी यादों में खोकर, हम कुछ और ही हो गए,
हमने कभी तुमसे दूर जाने की कल्पना भी नहीं की थी,
वो साथ था पर दिल से नहीं, मैं साथ था पर नसीब से नहीं।
यह हमें रोने की इजाज़त देती है और फिर संभलने की ताकत भी देती है।
कभी-कभी हंसते हंसते इतना दर्द छुपा लेते हैं, कि खुद भी भूल जाते हैं कि अंदर कितने टूटे हैं।
वो लम्हा भी अजीब होता है जब कोई अपना, अपना नहीं रहता और उसकी यादें दिल से जाती नहीं।
तुझे देख बिना ये चेहरा खिल नहीं सकता।।
जब तुम्हारे बिना, हर पल एक तन्हाई की लहर है।
लेकिन अब तो जीने का तरीका भी तुझसे दूर हो गया।
बहुत उदास करती हैं मुझको निशानियाँ तेरी.
As we step into 2025, the passion of creating and reading Shayari has grown noticeably, Specially among the youth. Lots of flip to this kind of literature to prepare their ideas and give meaning to their feelings.
तू कितना Sad Shayari भी दूर चला जाए, दिल से दूर नहीं होगा, तेरी जगह कोई और ले, ये मंजूर नहीं होगा।